डॉ एम डी सिंह की ग़ज़लें
1. जागृत मैं अनुभूतियों की भाषा कह तो लिखूं प्रेम के पराकाष्ठा की परिभाषा कह तो लिखूं ऐ मित्र इतना उदास तू दिख आजकल क्यों रहा छीन लाकर प्रलय से…
‘समकाल की आवाज’ पर परिचर्चा* *कौशल किशोर की कविता में प्रतिबद्धता, संकल्पसिद्धता और निर्भीकता – प्रो सुधा उपाध्याय*
'आखर' ई जर्नल तथा फटकन यूट्यूब चैनल की ओर से कौशल किशोर के कविता संग्रह 'समकाल की आवाज चयनित कविताएं' पर परिचर्चा का आयोजन बीते रविवार को किया गया। इस…
यूके हिन्दी समिति की हिंदी ज्ञान परीक्षा का मौसम आरंभ
प्रस्तुति: शिखा वार्ष्णेय, लंदन। यूके हिन्दी समिति की हिन्दी ज्ञान परीक्षा का मौसम आरंभ हो चुका है। इसके अंतर्गत होने वाली भाषण प्रतियोगिता का आज प्रथम दिवस था। पांच साल…
*जन संस्कृति मंच, मऊ* *काव्य-संध्या का आयोजन*
मऊ, 1,जुलाई।राहुल सांकृत्यायन सृजनपीठ के सभागार में रविवार को साहित्य उन्नयन संघ व जन संस्कृति मंच के तत्वावधान में प्रसिद्ध पंजाबी कवि सुरजीत पातर की स्मृति में एक काव्य संध्या…
नीता अनामिका की कविताएं
सफर ****** ओ बारिश, मैंने तुम्हें कल रात अंधेरे में चुपके से दबे पाँव आते देखा तुम बरसती रही सारी रात और मैं बिस्तर पर करवटें बदलती रही तुम बरसती…
सत्येन्द्र कुमार रघुवंशी के गीत
*गीत* *हम कनक हुए होते* अवसादों के बीच हँसी की खनक हुए होते। जगह-जगह है आग, काश! हम कनक हुए होते। बारिश वाले मेघ काश! मरु में भी छा पाते।…
जसवीर त्यागी की कविताएं
महक ÷÷÷÷ मेट्रो में एक अनजान शिशु मुझे देख-देख कई बार मुस्कुराया मैं मुस्कान की मोहकता में बंधा चला गया दिन भर मैं एक अजनबी खुशी में महकता रहा। ■…
डॉ एम डी सिंह की कविताएं
नई पगडंडियाँ बनाएं सड़कें तय मंजिलों तक जाएंगी चौड़ी चिकनी सड़कों की बधाइयां न दें मंजिलें और भी हैं जहां तक सड़कें नहीं जातीं मजबूत पैरों की जरूरत अभी बाकी…
चितरंजन भारती की कहानी : * प्रिसाइडिंग ऑफिसर की डायरी *
इतवार को जब असम के जिला हैलाकांदी प्रशासन का फोन आया कि उसी दिन मुझे जिला मुख्यालय के प्रशासनिक भवन में पहुँचना है, तो उसी वक्त मुझे आभास हो गया…
दीर्घ नारायण के अपने उपन्यास * रामघाट में कोरोना * की रचना प्रक्रिया पर विचार
लखनऊ, 24 सितम्बर, 2023 दीर्घ नारायण के अपने उपन्यास “रामघाट में कोरोना” पर सम्पन्न विमर्श गोष्ठी में रचना प्रक्रिया पर विचार- इस उपन्यास की रचना प्रक्रिया के बारे में मैं…